लखीसराय जिले के प्रसिद्ध श्रृंगीऋषि धाम से श्रावण माह के बीच बड़ी खबर सामने आई है। यहां देर रात असामाजिक तत्वों द्वारा करीब आधा दर्जन दुकानों में आग लगाए जाने की घटना से हड़कंप मच गया। आग की चपेट में आने से कई दुकानों में रखा सामान पूरी तरह जलकर राख हो गया। बताया जा रहा है कि आगजनी की घटना में होटल, प्रसाद की दुकान, मीना बाजार, खिलौने और श्रृंगार समेत कई दुकानें प्रभावित हुई हैं। घटना के बाद सुबह जब दुकानदार मौके पर पहुंचे तो अपनी दुकानों की हालत देखकर उनके होश उड़ गए।

इन दुकानदारों को हुआ भारी नुकसान
स्थानीय दुकानदारों के मुताबिक आगजनी की इस घटना में लाखों रुपये का नुकसान हुआ है। दुकानदारों द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार - दुकानदार मरनी देवी, शंकर मोदी, रितिक कुमार, सचिन मोदी, सन्नी कुमार के दुकानों में लाखों का नुकसान हुआ है, इसके अलावा भी कई अन्य दुकानदारों की दुकानों और सामान को नुकसान पहुंचने की बात सामने आ रही है। ऐसे में कुल नुकसान का आंकड़ा और बढ़ने की संभावना है।

हर साल आगजनी का आरोप, दुकानदारों में आक्रोश
घटना के बाद स्थानीय दुकानदारों में भारी आक्रोश है। दुकानदारों का कहना है कि श्रृंगीऋषि धाम में इस तरह की घटना कोई पहली घटना नहीं है। उनका दावा है कि पिछले साल भी एक दुकान को आग के हवाले किया गया था और इस बार फिर आधा दर्जन दुकानों को निशाना बनाया गया है। दुकानदारों का आरोप है कि बार-बार इस तरह की घटनाओं के बावजूद सुरक्षा व्यवस्था को लेकर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। उनका कहना है कि अगर समय रहते प्रशासन द्वारा सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जाते तो ऐसी घटनाओं पर रोक लगाई जा सकती थी।
वर्चस्व की साजिश का लगाया आरोप
इधर, कुछ स्थानीय लोगों ने आगजनी की इस घटना को वर्चस्व स्थापित करने से जोड़कर देखा है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि एक स्थानीय नेता के इशारे पर कुछ दुकानदारों को कथित तौर पर टारगेट किया जाता है। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि आगजनी के पीछे कौन लोग हैं और घटना के पीछे वास्तविक कारण क्या था।
CCTV फुटेज खंगाल रही पुलिस
घटना की सूचना मिलने के बाद बन्नूबगीचा थाना की पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी। पुलिस आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज को खंगाल रही है, ताकि आगजनी की घटना को अंजाम देने वाले लोगों की पहचान की जा सके। बन्नूबगीचा थाना के एसआई मुकेश कुमार के अनुसार पुलिस मामले की जांच कर रही है और घटना से जुड़े सभी पहलुओं को देखा जा रहा है।

कार्रवाई और मुआवजे की मांग
आगजनी के बाद दुकानदारों ने प्रशासन से दोषियों की जल्द गिरफ्तारी और उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। साथ ही दुकानदारों ने आगजनी में हुए नुकसान का उचित मुआवजा देने की भी मांग की है। दुकानदारों का कहना है कि जब तक प्रशासन की ओर से उचित कार्रवाई और मुआवजे को लेकर ठोस पहल नहीं की जाती, तब तक वे अपनी दुकानें बंद रखने पर मजबूर होंगे। अब देखना होगा कि CCTV फुटेज और पुलिस जांच में आगजनी के पीछे किसका हाथ सामने आता है और क्या दुकानदारों द्वारा लगाए जा रहे वर्चस्व के आरोपों में कोई सच्चाई निकलकर सामने आती है।







